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अयोध्या। अयोध्या में बुधवार यानी 17 अप्रैल को रामनवमी पर दोपहर 12 बजे से रामलला का सूर्य तिलक हुआ। प्राण प्रतिष्ठा के बाद रामलला का यह पहला सूर्य तिलक है। दोपहर 12 बजे अभिजीत मुहूर्त में रामलला का सूर्य तिलक किया गया और मस्तक पर 3 मिनट तक नीली किरणें पड़ीं।

सूर्य तिलक के साथ ही रामलला का जन्म हो गया। मंदिर में आरती की गई। सूर्य तिलक के बाद कुछ देर के लिए रामलला का पट बंद कर दिया गया।

इससे पहले जगद्गुरु राघवाचार्य ने 51 कलशों से भगवान रामलला का अभिषेक किया। आज सुबह 3.30 बजे मंदिर के कपाट खुल गए, आम दिनों में यह 6.30 बजे खुलते हैं। श्रद्धालु रात 11.30 बजे तक, यानी 20 घंटे दर्शन कर सकेंगे। पीएम नरेंद्र मोदी ने भी टैबलेट में रामलला का सूर्य तिलक देखा।

सूर्य तिलक के लिए अष्टधातु के 20 पाइप से 65 फीट लंबा सिस्टम बनाया गया। इसमें 4 लेंस और 4 मिरर के जरिए गर्भ गृह तक रामलला के मस्तक पर किरणें पहुंचाई गईं।

अब तक 6 लाख श्रद्धालु अयोध्या पहुंच चुके हैं। राम जन्मभूमि परिसर में लंबी लाइनें लगी हैं। राम पथ, भक्ति पथ और जन्मभूमि पथ पर काफी भीड़ है।

राम जन्मोत्सव शुरू, 51 कलशों से जलाभिषेक
रामलला सदन में राम जन्मोत्सव शुरू हो गया है। जगद्गुरु राघवाचार्य ने 51 कलशों से भगवान रामलला का अभिषेक किया। जगतगुरु डॉ. राघवाचार्य ने कहा कि भगवान राम का अवतार लोक कल्याण के लिए हुआ। यहां दर्शन, पूजन और तपस्या का विशेष लाभ मिलता है। राम की कृपा शीघ्र प्राप्त होती है।

अयोध्या के 10 हजार मंदिरों में भजन
जन्मोत्सव के बाद पुजारी और भक्त रामलला के भजन गा रहे हैं। अयोध्या के करीब 10 हजार मंदिरों में भी भए प्रगट कृपाला दीनदयाला...की स्तुति हो रही है। रामलला के जन्मोत्सव पर श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के अध्यक्ष महंत नृत्य गोपाल दास, महासचिव चंपत राय, सदस्य डॉक्टर अनिल मिश्र, IG प्रवीण कुमार, DM नीतीश कुमार मौजूद रहे।

ये सूर्य तिलक, भारत के संकल्प को प्रकाशित करेगाः पीएम मोदी
पीएम मोदी बुधवार को असम के नलबाड़ी में चुनावी रैली के लिए पहुंचे थे। वहां उन्होंने हेलिकॉप्टर में अपने टैबलेट में बैठकर सूर्य तिलक देखा। पीएम ने X पर लिखा-नलबाड़ी की सभा के बाद मुझे अयोध्या में रामलला के सूर्य तिलक के अद्भुत और अप्रतिम क्षण को देखने का सौभाग्य मिला। श्रीराम जन्मभूमि का ये बहुप्रतीक्षित क्षण हर किसी के लिए परमानंद का क्षण है। ये सूर्य तिलक, विकसित भारत के हर संकल्प को अपनी दिव्य ऊर्जा से इसी तरह प्रकाशित करेगा।

 

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