0 बिना इंटरनेट भी काम करेगा, 5000 रुपए लिमिट
मुंबई। अब आप अपने फोन से बिना क्यूआर कोड स्कैन किए और पिन डाले यूपीआई पैमेंट कर सकेंगे। इसके लिए आपको अपने फोन को स्वेप मशीन पर एटीएम और क्रेडिट कार्ड की तरह टैप करना होगा।
इससे एक बार में 5 हजार रुपए तक भेजे जा सकेंगे। नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया ने शुक्रवार को यूपीआई पेमेंट को और ज्यादा आसान बनाने के लिए दो नए फीचर लॉन्च किए हैं। इसमें एक एनएफसी सपोर्ट वाले स्मार्टफोन के लिए 'यूपीआई टैप एंड पे' सुविधा और दूसरा एआई से लैस 'माय यूपीआई' कंट्रोल प्लेटफॉर्म है। मुंबई में चल रहे ग्लोबल फिनटेक फेस्ट 2026 के दौरान आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा ने इन्हें रोलआउट किया।
ऐसे काम करेगा यूपीआई टैप एंड पे
अब तक यूपीआई पेमेंट करने के लिए यूजर को क्यूआर कोड स्कैन करना पड़ता था, अमाउंट दर्ज करना होता था और फिर पिन डालना होता था। नई टैप एंड पे तकनीक में ये सब नहीं करना पड़ेगा। यदि आपके पास एनएफसी सपोर्ट करने वाला फोन है, तो आप अपने फोन को मर्चेंट की पॉस (पॉस) मशीन पर सिर्फ टच या टैप करके पेमेंट कर सकेंगे। हालांकि, यह सुविधा सिर्फ सपोर्टेड पॉस मशीनों पर ही काम करेगी।
5,000 रुपए से ज्यादा के ट्रांजैक्शन पर पिन डालना होगा
5000 रुपए या उससे कम के पेमेंट लिए है, यूपीआई पिन की जरूरत नहीं होगी, लेकिन इससे ज्यादा का अमाउंट ट्रांसफर करने के लिए यूजर को पॉस मशीन की स्क्रीन या अपने फोन एप पर यूपीआई पिन डालना अनिवार्य होगा।
बिना इंटरनेट के भी होगा पेमेंट
इस तकनीक में फोन का मोबाइल डेटा या वाई-फाई ऑन होना जरूरी नहीं है। भुगतान पूरा करने के लिए पॉस (पॉस) मशीन का अपना इंटरनेट कनेक्शन ही नेटवर्क से कम्यूनिकेट करेगा।
टोकनाइजेशन से सुरक्षा
इस प्रक्रिया में आपके बैंक डिटेल्स या यूपीआई आईडी सीधे मर्चेंट के पास नहीं जाएंगे। आपका यूपीआई एप एक सुरक्षित, एन्क्रिप्टेड 'टोकन' जनरेट करेगा, जो बिना जानकारी लीक किए पेमेंट पूरा कराएगा।