
0 जाप के तहत किए गए थे भर्ती, एआई ‘नगेट’ अब करेगा इनका काम
नई दिल्ली। फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म जोमैटो ने पिछले साल शुरू किए गए अपने जोमैटो एसोसिएट एक्सेलेरेटर प्रोग्राम (जाप) के तहत लगभग 600 कस्टमर सपोर्ट एक्जीक्यूटिव कर्मचारियों को नौकरी से निकाल दिया है। ये कर्मचारी पिछले एक साल के भीतर ही भर्ती किए गए थे।
ऐसा इसलिए भी हो रहा है क्योंकि कंपनी अपने कस्टमर सर्विसेज फंक्शन में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) का इस्तेमाल बढ़ा रही है। इस छंटनी का असर गुरुग्राम और हैदराबाद में कंपनी के ऑफिसों के कर्मचारियों पर पड़ा है। बिजनेस स्टैंडर्ड से बात करने वाले एक पूर्व कर्मचारी ने कहा, “यह छंटनी अचानक हुई। हमारे साथ (और अन्य निकाले गए कर्मचारियों के साथ) जो व्यवहार किया गया, वह ठीक नहीं था। मुझे अभी तक ठीक से नहीं पता कि मुझे क्यों निकाला गया। मेरे लिए इसे स्वीकार करना मुश्किल है।” हालांकि, कर्मचारी ने अपना नाम नहीं बताया। जोमैटो ने अभी तक इस घटना पर कोई टिप्पणी नहीं की है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, जोमैटो ने अपने जाप प्रोग्राम के तहत करीब 1,500 कर्मचारियों को भर्ती किया था। शुरुआत में इन कर्मचारियों को, जो कस्टमर सपोर्ट की भूमिकाओं के लिए रखे गए थे, बेहतर पदों पर जाने की उम्मीद दी गई थी। हालांकि, उनके कार्यकाल के अंत में कंपनी ने कई कर्मचारियों के कॉन्ट्रैक्ट को रिन्यू नहीं किया।
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस ‘नगेट’ की लॉन्चिंग के बाद छंटनी
यह छंटनी जोमैटो द्वारा नगेट नामक एक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित कस्टमर सपोर्ट प्लेटफॉर्म लॉन्च करने के एक महीने के भीतर हुई, जिसे ऑपरेशंस को बेहतर करने के लिए शुरू किया गया था। यह प्लेटफॉर्म वर्तमान में जोमैटो, ब्लिंकिट और हाइपरप्योर के लिए हर महीने 15 मिलियन से ज्यादा कस्टमर इंटरैक्शंस को संभालता है। इस प्लेटफॉर्म को लॉन्च करते हुए जोमैटो के सह-संस्थापक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) दीपिंदर गोयल ने लिखा था, “पेश है नगेट – एक एआई-नेटिव, नो-कोड कस्टमर सपोर्ट प्लेटफॉर्म। नगेट सपोर्ट को आसानी से बढ़ाने में मदद करता है – यह पूरी तरह से कस्टमाइजेबल है, कम लागत वाला है, और इसके लिए डेवलपर टीम की जरूरत नहीं पड़ती। कोई सख्त वर्कफ्लो नहीं, बस सहज ऑटोमेशन।” कंपनी की वेबसाइट पर उपलब्ध डेटा के अनुसार, नगेट के एआई एजेंट्स 80 प्रतिशत तक कस्टमर सवालों को हल करते हैं, कंप्लायंस को 20 प्रतिशत तक बेहतर करने में मदद करते हैं, और रिजॉल्यूशन टाइम में 20 प्रतिशत की कमी लाते हैं।