नई दिल्ली। लोक सभा में गुरुवार को हंगामे के बीच कराधान और अन्य विधियां (संशोधन) विधेयक, 2026 बिना चर्चा के ध्वनिमत से पारित कर दिया गया।
राष्ट्रीय राजधानी में 20 जुलाई को प्रदर्शनकारी विद्यार्थियों के खिलाफ पुलिस कार्रवाई को लेकर गृह मंत्री अमित शाह के सदन में आकर बयान देने और अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावा चोरी की जांच की मांग को लेकर विपक्षी सदस्यों के हंगामे के बीच पीठासीन संध्या राय ने वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को विधेयक पेश करने की अनुमति प्रदान की।
विधेयक पर संशोधन पेश करने के नोटिस देने वाले सदस्यों के नाम पुकारे जाने के बावजूद किसी सदस्य ने संशोधन पेश नहीं किया। इस पर श्रीमती राय ने विधेयक पारित करने का प्रस्ताव करने के लिए श्रीमती सीतारमण का नाम पुकारा। इसके बाद विपक्षी सदस्यों के शोरगुल के बीच बिना चर्चा के ही विधेयक ध्वनिमत से पारित कर दिया गया।
श्रीमती राय ने विपक्षी सदस्यों से शोरगुल न करने और कार्यवाही चलाने में सहयोग करने का आग्रह किया। हंगामा जारी रहने पर उन्होंने कार्यवाही शुक्रवार पूर्वाह्न 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी।