0 अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा- यूरेनियम लेने सेना भेजने वाले थे, लेकिन इसमें जोखिम
वॉशिंगटन डीसी। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा है कि अगर अमेरिका और ईरान के बीच समझौता होता है, तो वह ईरान के सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई से मिलने के लिए तैयार हैं।
व्हाइट हाउस में पत्रकारों से बात करते हुए ट्रम्प ने कहा कि मैं सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई से मिलना नहीं चाहता, लेकिन अगर मुलाकात होती है तो मुझे गर्व होगा। अगर डील हो जाती है तो मुलाकात संभव है। मुझे इससे कोई दिक्कत नहीं होगी। ट्रम्प ने यह भी कहा कि कोई भी संभावित मुलाकात सम्मानजनक होगी और मैं ईरान के सुप्रीम लीडर से इज्जत से पेश आऊंगा। इसके अलावा, ट्रम्प ने बताया कि उनकी सरकार ने ईरान से संवर्धित (एनरिच्ड) यूरेनियम हासिल करने के लिए सैनिक भेजने पर विचार किया था, लेकिन यह योजना अंत में खारिज कर दी गई। ट्रम्प के मुताबिक, यह ऑपरेशन बहुत ज्यादा जोखिम भरा था और इसमें अमेरिकी सैनिकों की जान जाने की आशंका थी। इसलिए इसे आगे नहीं बढ़ाया गया।
ट्रम्प और अमेरिकी संसद में टकराव
अमेरिकी संसद के निचले सदन ने ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई पर राष्ट्रपति की शक्तियों को सीमित करने का प्रस्ताव पास किया है। इस फैसले का ट्रम्प ने कड़ा विरोध किया और इसे देशहित के खिलाफ बताया।
रूस ने ईरान-अमेरिका वार्ता का समर्थन किया
रूस ने ईरान और अमेरिका के बीच चल रही वार्ता का समर्थन किया है। रूसी विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने एक इंटरव्यू में कहा कि दोनों देशों के बीच संवाद जारी रहना जरूरी है और किसी भी संभावित समझौते में ईरान के हितों को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।अमेरिका ईरान के साथ मौजूदा तनाव को लेकर चिंतित है, लेकिन इस स्थिति के लिए काफी हद तक खुद जिम्मेदार भी है। भविष्य में होने वाला कोई भी समझौता तभी टिकाऊ होगा, जब उसमें ईरान और उसके पड़ोसी देशों के हितों को शामिल किया जाए।