0 कहा-जांच एजेंसियों का इस्तेमाल विपक्षी नेताओं को परेशान करने के लिए किया जा रहा
0 एसआईआर में करोड़ों वोटर के नाम काटे, इसके खिलाफ इंडिया ब्लॉक सीजेआई को लेटर लिखेगा
0 महंगाई, बेरोजगारी और अर्थव्यवस्था के मुद्दे पर सर्वदलीय बैठक बुलाने सरकार से मांग की
0 2 साल बाद हुई इंडिया गठबंधन की 7वीं बैठक में 25 दलों के नेता शामिल हुए
0 गठबंधन की अगली बैठक 8 अगस्त को हैदराबाद में होगी
नई दिल्ली। इंडिया गठबंधन की 2 साल बाद हुई 7वीं बैठक में सोमवार को 25 दलों के नेता शामिल हुए। दिल्ली में हुई बैठक में सोनिया गांधी, राहुल गांधी, मल्लिकार्जुन खरगे, अखिलेश यादव, ममता बनर्जी, सुप्रिया सुले, कपिल सिब्बल समेत कई नेता मौजूद रहे। वहीं उद्धव ठाकरे और हेमंत सोरेन वर्चुअली जुड़े। विपक्षी दलों के इंडिया गठबंधन ने मेडिकल प्रवेश परीक्षा नीट के पेपर लीक होने और सीबीएसई में गड़बड़ी के मामले में शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की है और कहा है कि देश की आर्थिक स्थिति पर विचार करने के लिए सरकार को सर्वदलीय बैठक बुलानी चाहिए।
बैठक के बाद कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि 2 घंटे से ज्यादा चली बैठक में 5 मुद्दों पर सहमति बनी है। नीट में देश के युवाओं के साथ धोखा हुआ है। नीट और सीबीएसई की गड़बड़ी के लिए शिक्षा मंत्री जिम्मेदार हैं, वह तुरंत इस्तीफा दें।श्री खरगे ने बताया कि बैठक में यह सहमति भी बनी कि 'वोट चोरी' और चुनाव में हेराफेरी, एसआईआर और चुनाव की निष्पक्षता को लेकर सीजेआई को लेटर लिखेंगे। यह पत्र बहुत जल्द लिखकर उन तक पहुँचाया जाएगा। नीट पेपर लीक मामले में सर्वसम्मति से फैसला हुआ कि शिक्षा मंत्री को तत्काल इस्तीफा देना चाहिए।
श्री खरगे ने कहा कि बैठक में देश के आर्थिक हालात तथा सामाजिक मुद्दों पर सर्वदलीय बैठक बुलाने की सरकार से मांग की गई। उन्होंने कहा "केंद्र सरकार को तुरंत सभी दलों की बैठक बुलानी चाहिए ताकि वर्तमान अस्थिर आर्थिक स्थिति, बेरोजगारी, महंगाई, किसानों के मुद्दे, अत्याचार और अन्य लोग-केंद्रित मुद्दों पर चर्चा की जा सके। कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि बैठक में यह भी सहमति बनी है कि सभी दलों के नेताओं हर दो महीने में मिलना चाहिए। इसके साथ ही मानसून सत्र के दौरान संसदीय समन्वय जारी रहेगा, जिसमें विपक्ष के नेता के कार्यालय में प्रतिदिन संसद की कार्यवाही शुरु होने से पहले बैठकें होंगी। अगली बैठक 8 अगस्त को हैदराबाद में होगी।
संविधान पर हमले जारी हैं
बैठक में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि संविधान पर हमले जारी हैं और जांच एजेंसियों का इस्तेमाल विपक्षी नेताओं को परेशान करने के लिए किया जा रहा है। आर्थिक माहौल कमजोर है और निवेश अपेक्षित गति से नहीं आ रहा, जिससे रोजगार पर असर पड़ रहा है।
हमारा मकसद एक है
इंडिया ब्लॉक की बैठक पर कांग्रेस नेता एम. वीरप्पा मोइली ने कहा कि 23 से ज्यादा पार्टियां एक साथ आई हैं। बाकी पार्टियों को कुछ मुद्दे हो सकते हैं, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि हम राष्ट्रीय स्तर पर एकजुट नहीं हैं, क्योंकि हमारा मकसद एक ही है। उन्होंने कहा कि परीक्षा प्रणाली में मिसमैनेजमेंट हुआ, जिससे लाखों युवाओं की उम्मीदों पर असर पड़ा है। 17 अप्रैल 2026 के दिन सभी विपक्षी दलों ने लोकसभा में एकजुट होकर परिसीमन से जुड़े विधेयकों को हराने में भूमिका निभाई थी। इसी एकता को आगे भी मजबूत करने की जरूरत है।
5 मुद्दों पर विपक्ष की सहमति बनी
इंडिया गठबंधन की बैठक में 5 मुद्दों पर सहमति बनी है।
0 एसआईआर और चुनाव की निष्पक्षता को लेकर सीजेआई को पत्र लिखेंगे।
0 नीट पेपेर लीक और सीबीएसई मामले में शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान तुरंत इस्तीफा दें।
0 महंगाई, बेरोजगारी और अर्थव्यवस्था के मुद्दे उठाएंगे। सरकार से सर्वदलीय बैठक बुलाने की मांग।
0 गठबंधन की अगली बैठक 8 अगस्त को हैदराबाद में होगी। हर दो महीने में विपक्ष की बैठक होगी।
0 संसद के मानसून सत्र में रोज सुबह विपक्ष की बैठक होगी।
बैठक में 23 दल और राज्यसभा सांसद कपिल सिब्बल शामिल
इंडिया गठबंधन की बैठक में 23 दल शामिल हुए हैं। इसके अलावा निर्दलीय सांसद कपिल सिब्बल भी बैठक में शामिल हुए। बैठक में शामिल होने 23 दलों में कांग्रेस, समाजवादी पार्टी, तृणमूल कांग्रेस, राष्ट्रीय जनता दल, नेशनल कॉन्फ्रेंस, पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी, झारखंड मुक्ति मोर्चा, शिवसेना (यूबीटी), एनसीपी (शरद पवार गुट), सीपीआई (एम), सीपीआई, सीपीआई (एमएल) लिबरेशन, रिवोल्यूशनरी सोशलिस्ट पार्टी (आरएसपी), इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (आईयूएमएल), विदुथलाई चिरुथाइगल काची (वीसीके),
मारुमलरची द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (एमडीएमके), केरल कांग्रेस, केरल कांग्रेस (एम), राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (आरएलपी), भारत आदिवासी पार्टी (बीएपी), लोक दल, फॉरवर्ड ब्लॉक व शेतकारी कामगार पक्ष शामिल हैं।
पवार बोले- सभी सीनियर से चर्चा करके समाधान निकालेंगे
इंडिया ब्लॉक की पिछली बैठक एक जून 2024 को दिल्ली में खरगे के घर पर हुई थी। यानी, पूरे 2 साल के बाद गठबंधन के नेता एकसाथ जुटे। इस बैठक पर एनसीपी (एससीपी) चीफ शरद पवार ने कहा कि मौजूदा समय में ब्लॉक के सभी दलों को एकजुट रखना सबसे जरूरी है। उन्होंने कहा कि एक तरफ नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार है, वहीं दूसरी तरफ वे दल हैं जो उसके नेतृत्व को स्वीकार नहीं करते। ऐसे सभी दल साथ आए हैं। गठबंधन के भीतर मौजूद मतभेदों को दूर करने के सभी सीनियर लोगों से बातचीत की जाएगी और कोई न कोई समाधान निकाला जाएगा। श्री पवार ने कहा कि मुझे भरोसा है कि इसका रास्ता निकलेगा। अगले 2-3 सालों में कोई बड़ा चुनाव नहीं है, इसलिए यह समय सभी सहयोगी दलों को साथ रखने और गठबंधन को मजबूत करने के लिए महत्वपूर्ण है।
3 साल में इंडिया ब्लॉक से 3 बड़ी पार्टियां अलग हुईं
श्री खरगे ने कहा कि आज की बैठक में 25 पार्टियां शामिल हुई हैं। वहीं, इंडिया ब्लॉक से बीते 3 साल में 3 पार्टियां अलग हो चुकी हैं। इनमें जेडीयू 2024 के लोकसभा चुनाव के दौरान, आम आदमी पार्टी (आप) दिल्ली और हरियाणा विधानसभा चुनाव के दौरान और डीएमके हाल में हुए तमिलनाडु चुनाव के बाद ब्लॉक से दूर हुई।