कोलकाता/नई दिल्ली। बंगाल में शिक्षक घोटाले की जांच कर रहे प्रवर्तन निदेशालय ने बुधवार को मंत्री पार्थ चटर्जी और उनकी करीबी अर्पिता मुखर्जी के ठिकानों पर छापा मारा है। ईडी ने शनिवार को ही पार्थ और अर्पिता को अरेस्ट किया था। रिपोर्ट्स के मुताबिक पार्थ और अर्पिता के 5 ठिकानों पर ईडी ने छापा मारा है। यहां CRPF की टीम भी मौजूद है।
ईडी की टीम ने अर्पिता के ऑफिस, रिश्तेदारों के घर और बाकी फ्लैट्स पर भी छापा मारा है, जहां से कई अहम दस्तावेज मिलने का दावा किया जा रहा है। प्रवर्तन निदेशालय की टीमें कोलकाता और उसके आसपास पांच जगहों पर पहुंची। इनमें उत्तर 24 परगना जिले के बेलघोरिया में अर्पिता मुखर्जी का घर भी शामिल है। ईडी के पांच अधिकारियों ने सेंट्रल फोर्सेस तलाशी ली। यह कार्रवाई ईडी के अधिकारियों द्वारा शिक्षक भर्ती घोटाले के बारे में मंगलवार को मुखर्जी से हुई पूछताछ के एक दिन बाद हुई है।
अर्पिता का कोलकाता में एक और घर है, जहां से ईडी के अधिकारियों ने पिछले हफ्ते छापेमारी के दौरान करीब 22 करोड़ रुपए नकद, 20 से ज्यादा मोबाइल और कई दस्तावेज बरामद किए थे।
विधायक माणिक से भी पूछताछ जारी
ईडी ने मंगलवार को टीएमसी विधायक माणिक भट्टाचार्य को भी शिक्षक भर्ती घोटाले में समन जारी किया था। माणिक से बुधवार को दोपहर 12 बजे बुलाया गया था, लेकिन वे सुबह 10 बजे ही पहुंच गए। सुबह 11 बजे से उनसे सवाल-जवाब शुरू हुए। सेंट्रल एजेंसी ने 22 जुलाई को भट्टाचार्य के घर की तलाशी ली थी और उन्हें पूछताछ के लिए पेश होने कहा था। ईडी ने सोमवार को भी कलकत्ता हाईकोर्ट के सामने कई बातें रखी थीं। इनमे सबसे अहम ब्लैक डायरी थी, जो जांच एजेंसी ने पार्थ की करीबी एक्ट्रेस अर्पिता मुखर्जी के घर से बरामद की थी।
48 घंटे में दोबारा मेडिकल के लिए पहुंचे पार्थ-अर्पिता
ममता सरकार में मंत्री पार्थ चटर्जी और उनकी करीबी अर्पिता मुखर्जी को बुधवार को मेडिकल जांच के लिए ईएसआई अस्पताल भेजा गया। कलकत्ता हाईकोर्ट के आदेश के अनुसार हर 48 घंटे के बाद उनका मेडिकल चेकअप किया जाना है। वे 3 अगस्त तक ED की हिरासत में हैं। कोर्ट ने यह भी कहा था कि अर्पिता से रात 9 बजे से लेकर सुबह 6 बजे तक कोई पूछताछ न हो।