0 खराब मौसम की वजह से 50 मिनट बाद लैंड की फ्लाइट
0 सोमवार को विधानसभा के विशेष सत्र में शामिल होंगे सभी विधायक
रांची। झारखंड में सियासी उठापटक के बीच रायपुर से 6 दिन बाद रविवार को महागठबंधन के सभी विधायक रांची पहुंच गए हैं। खराब मौसम की वजह से उनकी फ्लाइट 50 मिनट से आसमान में चक्कर काटती रही। बाद में क्लियरेंस मिलने पर फ्लाइट को एयरपोर्ट पर लैंड कराया गया।
विधायकों का एयरपोर्ट पर रिसीव करने के लिए सरकार के दो मंत्री सत्यानंद भोक्ता और मिथिलेश ठाकुर पहुंचे। एयरपोर्ट से तीन बसों में विधायकों बैठकर निकले। रांची में भी सभी विधायकों को बाड़ेबंदी में ही रखा जाएगा। इसके लिए स्टेट गेस्ट हाउस और स्टेट सर्किट हाउस में बुकिंग की गई है। सोमवार को सभी विधायक विधानसभा के विशेष सत्र में शामिल होंगे।
बीजेपी अपने ही ट्रैप में फंस गई: हेमंत सोरेन
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने एक बार फिर से विपक्ष पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि विपक्ष अपनी षड्यंत्रकारी नीतियों में खुद ही फंस जाएगा। उन्होंने कहा कि सत्र शुरू होने में कुछ घंटे बाकी है। सत्र के बाद सब कुछ स्पष्ट हो जाएगा। सीएम ने कहा कि विपक्ष के पास कोई मुद्दा नहीं बचा है।
इधर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के खनन लीज मामले में चुनाव आयोग की चिट्ठी मिलने के 10 दिन बाद भी राज्यपाल का कोई आदेश नहीं आया है,लेकिन राज्य की राजनीति में उथल-पुथल मची हुई है। सोमवार को विधानसभा का एक दिन का सत्र बुलाया गया है। इसमें सरकार विश्वास मत हासिल करेगी। इधर शनिवार को थैंक्स गिविंग प्रोग्राम में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि बहुत सारे लोग चारों तरफ से हमें गिराने और कमजोर करने में लगे हुए हैं, लेकिन आप लोगों के होते हुए हमें घबराने की जरूरत नहीं है।
सभी की नजरें राजभवन पर
सभी की नजरें राजभवन पर टिकी हैं, ताकि गवर्नर का फैसला आते ही उसके अनुरूप रणनीति बनाई जा सके। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश ठाकुर ने संकेत दिया कि रायपुर से विधायक सोमवार सुबह रांची पहुंचेंगे और सीधे राजभवन जाएंगे। कांग्रेस विधायक दल के नेता आलमगीर आलम और झामुमो के मुख्य सचेतक नलिन सोरेन ने कहा कि सभी विधायक सत्र में शामिल होंगे। साथ ही यह भी जोड़ा कि कोलकाता कैश कांड में फंसे तीनों विधायकों को पार्टी की ओर से सूचना नहीं दी गई है।
यूपीए के विधायक खुद होकर आए हैं, वे हमारे मेहमानः सीएम बघेल
इधर रायपुर में झारखंड के यूपीए के विधायकों के होने को लेकर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा है कि मैं बचाने वाला कौन होता हूं? वे खुद आए हैं, वे हमारे मेहमान हैं।
दिल्ली से नहीं लौटे गवर्नर, असमंजस बरकरार
राज्यपाल रमेश बैस शनिवार को दिल्ली से नहीं लौटे। वे शुक्रवार को दिल्ली गए थे। राजभवन ने बताया था कि वे स्वास्थ्य जांच के लिए गए है। उनके शनिवार को लौटने की संभावना थी। इससे राज्य में ऊहापोह की स्थिति बढ़ गई है। साथ ही विश्वास मत से पहले कोई आदेश जारी होने की संभावना भी कम हो गई है।
केजरीवाल की तरह विश्ववास मत पेश कर सकती है सरकार
केजरीवाल सरकार ने दिल्ली में भी अपना विश्वास मत पेश किया है। वहां भी झारखंड जैसी ही स्थिति बन रही थी। चार विधायकों ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा था कि उन्हें भाजपा के लोग खरीदने की कोशिश कर रहे हैं। विधायकों ने दावा किया कि इसके लिए 20-20 करोड़ रुपए देने की पेशकश कर रहे हैं।
विधायकों की प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद अरविंद केजरीवाल ने अपने आवास पर बैठक बुलाई थी, जिसमें 9 विधायक नहीं पहुंचे थे। 9 विधायकों के नहीं पहुंचने के बाद कई तरह की अटकलें लगाई जा रही थी। ऐसें में केजरीवाल ने विश्वासमत प्रस्ताव लाकर सदन में AAP के भीतर एकजुटता का संदेश दिया था। अब यही एकजुटता का संदेश हेमंत सोरेन झारखंड में देना चाहते हैं।
तीनों कांग्रेसी विधायकों को स्पीकर का नोटिस
कैश कांड के साथ दल-बदल मामले में फंसे कांग्रेस के तीनों विधायकों डॉ. इरफान अंसारी, नमन विक्सल काेंगाड़ी और राजेश कच्छप को स्पीकर न्यायाधिकरण ने नोटिस जारी किया है। इसे विशेष दूत से कोलकाता भेजा गया है। इसमें कहा गया है कि दल-बदल मामले में अब पांच सितंबर की जगह सात सितंबर को वर्चुअल सुनवाई होगी। अगर वे सुनवाई में शामिल नहीं हुए तो उनके खिलाफ एकतरफा फैसला दिया जा सकता है। गौरतलब है कि एक सितंबर को पहली सुनवाई में इन तीनों ने हिस्सा नहीं लिया था।