0 राज्यों से टर्बाइन फ्यूल पर वैट कम करने की अपील
नई दिल्ली। देश के सभी नेशनल हाइवे पर अब हेलीपैड बनेंगे। इनका उपयोग इमरजेंसी कंडीशन में किया जा सकेगा। यह जानकारी नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने दी। सिंधिया यहां नागरिक उड्डयन मंत्रालय की कांफ्रेंस के बाद पत्रकारों से बात कर रहे थे।
ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि सड़क परिवहन मंत्रालय के साथ बातचीत कर फैसला लिया गया है कि नए हाइवे पर हेलीपैड होने चाहिए ताकि बुनियादी ढांचा तैयार हो सके। खासकर दूरदराज और पहाड़ी इलाकों में हेलीकॉप्टर्स का इस्तेमाल बढ़ाने पर सरकार का जोर है।
राज्यों से विमान एटीएफ पर वैट कम करने का आग्रह
सिंधिया ने असम, महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल, दिल्ली, तमिलनाडु, राजस्थान, बिहार और पंजाब सरकारों से अपने राज्यों में नागरिक उड्डयन क्षेत्र के डेवलपमेंट के लिए एविएशन टर्बाइन फ्यूल (एटीएफ) पर मूल्य वर्धित कर (वैट) कम करने का अनुरोध किया। उन्होंने पश्चिम बंगाल, दिल्ली और पंजाब से टियर- II, टियर- III शहरों में हवाई संपर्क की सुविधा के लिए एयर टर्बाइन फ्यूल एटीएफ पर वैट कम करने का भी आग्रह किया।
प्लेन की कनेक्टिविटी बढ़ाने का किया वादा
सिंधिया ने टर्बाइन फ्यूल पर वैट कम करने पर इन राज्यों में प्लेन की कनेक्टिविटी बढ़ाने का वादा किया। उन्होंने कहा कि इस मुद्दे पर 12 राज्यों ने पहले ही तैयारी की थी, जहां कई महीने पहले एटीएफ पर वैट कम किया और इसलिए उन्होंने अपने राज्यों की यात्रा बढ़ा दी। ऐसा इसलिए क्योंकि प्लेन वहीं जाएंगे जहां कच्चा माल सस्ता होगा। हालांकि एटीएफ एयरलाइन क्षेत्र की कुल लागत का 45-50 प्रतिशत के बीच है।
कुछ महीनों में एटीएफ में 20% की कमी आई
अभी भी राज्यों का एटीएफ 20-30% है। पिछले डेढ़ साल में टर्बाइन फ्यूल का ग्राफ 53 हजार रुपए प्रति किमी से 1.40 लाख रुपए प्रति किमी बढ़ाया गया है। वहीं पिछले कुछ महीनों में एटीएफ में लगभग 20% की कमी आई है, लेकिन एयरलाइन क्षेत्र का सबसे ज्यादा लागत वाला हिस्सा अभी भी एटीएफ ही है।
4.1 लाख यात्रियों का बनाया रिकॉर्ड
प्री-कोविड में भारत का रिकॉर्ड हर दिन लगभग 4 लाख विमान यात्रियों का था। हमने उस रिकॉर्ड को दो बार तोड़ा- इस साल अप्रैल में और दूसरा कुछ दिन पहले। इस बार 4.07 लाख से 4.1 लाख यात्रियों के बीच एक नया रिकॉर्ड बनाया है।