नई दिल्ली। कांग्रेस ने अयोध्या के राम मंदिर में चंदे और चढ़ावे में कथित अनियमितताओं के आरोपों की उच्चतम न्यायालय की निगरानी में जांच कराने, दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने तथा राम मंदिर ट्रस्ट को भंग कर उसमें राजनीतिक लोगों के स्थान पर साधु-संतों एवं धार्मिक व्यक्तियों को शामिल करने की मांग की है।
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राजीव शुक्ला ने शुक्रवार को यहां पार्टी मुख्यालय में संवाददाता सम्मेलन में कहा कि भगवान श्रीराम के नाम पर देश के गांवों और गरीब लोगों से आस्था के आधार पर चंदा एकत्र किया गया लेकिन उसकी कथित लूट हुई।
उन्होंने आरोप लगाया कि प्राथमिकी में केवल छोटे कर्मचारियों के नाम शामिल किए गए, जबकि बड़े लोगों की भूमिका की जांच नहीं की गई।